रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार के सख्त निर्देश के बाद राज्यभर में 3,841 सिलिंडरों की जब्ती और 97 एफआइआर दर्ज की गई हैं। सरकार ने राज्य में ईंधन और उर्वरकों की आपूर्ति व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए कड़े कदम उठाए हैं।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में हुई उच्चस्तरीय बैठक में जमाखोरी रोकने के निर्देश जारी किए गए हैं। प्रदेशभर में अब तक 335 स्थानों पर छापेमारी की गई।
कंटेनरों में पेट्रोल-डीजल देने पर भी रोक
हालांकि कालाबाजारी की पुष्टि नहीं हुई, लेकिन जमाखोरी के आरोप में 3,841 सिलिंडरों को जब्त किया गया है। आम जनता को कंटेनरों में पेट्रोल-डीजल देने पर भी रोक लगा दी गई है। केवल अधिकृत मोबाइल टावर और जेनसेट चलाने वाले संस्थानों को ही इसकी अनुमति होगी।
टोल-फ्री नंबर 1800-233-3663 जारी
सीमावर्ती चेक पोस्टों पर पेट्रोल, डीजल और सिलिंडरों की आवाजाही पर विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं। घरेलू गैस आपूर्ति से जुड़ी समस्याओं या कालाबाजारी की शिकायत के लिए टोल-फ्री नंबर 1800-233-3663 जारी किया गया है।
इंटरनेट मीडिया पर कड़ी नजर
अफवाहों और भय की स्थिति को रोकने के लिए छत्तीसगढ़ में इंटरनेट मीडिया पर भी कड़ी नजर रखी जा रही है।गलत सूचना फैलाने वाले व्यक्तियों पर कार्रवाई की जाएगी।
अस्पतालों, छात्रावासों को प्राथमिकता
सीएस मुख्य सचिव विकासशील ने कहा कि अस्पतालों, छात्रावासों, रेलवे, एयरपोर्ट कैंटीनों और सैन्य बलों जैसे महत्वपूर्ण संस्थानों में सिलिंडरों की सप्लाई को प्राथमिकता दी जाएगी।
प्रशासन का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि आवश्यक वस्तुओं की कृत्रिम कमी पैदा नहीं हो और आम लोगों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।

