रायपुर। वक्फ संशोधन बिल के लोकसभा और राज्यसभा में पास होने के बाद अब छत्तीसगढ़ वक़्फ़ बोर्ड के अध्यक्ष डॉ सलीम राज ने देश ने सनातन बोर्ड स्थापित किये जाने की मांग को एक बार फिर से हवा दी है। वही इस मांग पर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री सह गृहमंत्री विजय शर्मा ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। विजय शर्मा से पूछे गए सवाल पर उन्होंने बताया कि, मसला ये है कि वक्फ बोर्ड को 2013 में अमेंडमेंट करके जो प्रावधान रखे गए थे उसको समाप्त करके नया संशोधन भी लाया गया है। विजय सहरमा ने दावा किया कि, वक्फ बोर्ड जैसी संस्था को और नियंत्रित करने की जरूरत है। जहां तक बात सनातन बोर्ड के स्थापना की है तो वह भावना है मैं उनका सम्मान करते है।
दरअसल सनातन बोर्ड के गठन की मांग डॉ सलीम राज ने उठाई है। उन्होंने कहा कि, कि अगर वक्फ बोर्ड मुस्लिम समाज के लिए है, तो हिंदू समाज के गरीब और बेसहारा लोगों की मदद के लिए भी एक बोर्ड होना चाहिए। डॉ. सलीम राज का कहना है कि जैसे वक्फ बोर्ड मस्जिदों और अन्य संपत्तियों की देखरेख करता है, वैसे ही देश में मौजूद मठ-मंदिरों की संपत्तियों की सुरक्षा और प्रबंधन के लिए भी एक ‘सनातन बोर्ड’ होना चाहिए। उन्होंने कहा कि कई बार मंदिरों की संपत्तियां बेची जाती हैं या अवैध कब्जे में चली जाती हैं, जिससे हिंदू समाज के जरूरतमंद वर्ग को कोई लाभ नहीं मिलता। अगर सनातन बोर्ड बनता है, तो इन संपत्तियों से होने वाली आमदनी से गरीब और वंचित हिंदुओं की मदद की जा सकती है। उन्होंने बताया कि इस मुद्दे को लेकर वे जल्द ही प्रधानमंत्री और गृह मंत्री को पत्र लिखने वाले हैं।