दिल्ली आबकारी नीति मामले में अदालत से राहत मिलने के बाद आम आदमी पार्टी के प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल (Arvind Kejriwal) राजधानी में अपनी पहली बड़ी सार्वजनिक सभा करने जा रहे हैं। सूत्रों के अनुसार, यह जनसभा 1 मार्च, सुबह 11 बजे दिल्ली के जंतर मंतर पर आयोजित होगी। यह सभा उनके अदालत से मिली राहत के बाद की पहली बड़ी राजनीतिक गतिविधि होगी। इसमें आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता भी बड़ी संख्या में शामिल होंगे।
सूत्रों के अनुसार, यह जनसभा दिल्ली सरकार की ओर से नौकरी से निकाले गए हजारों कर्मचारियों के समर्थन में आयोजित की जा रही है। सभा में बस मार्शल, डीटीसी बस कंडक्टर, मोहल्ला क्लिनिक कर्मचारी, डीआईएमटीएस कर्मचारी और सरकारी अस्पतालों में काम कर रहे डाटा एंट्री ऑपरेटरों के मुद्दों पर केजरीवाल लोगों को संबोधित करेंगे।
केजरीवाल, सिसोदिया और 21 अन्य आरोपी बरी
शुक्रवार को विशेष अदालत ने दिल्ली आबकारी नीति मामले में अरविंद केजरीवाल, पूर्व डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया और अन्य 21 आरोपियों को सभी आरोपों से बरी कर दिया। विशेष न्यायाधीश जितेंद्र प्रताप सिंह ने आदेश में कहा कि CBI का मामला ठोस सबूतों के बजाय अनुमान और अटकलों पर आधारित था। अदालत ने जांच की थ्योरी को ‘समझ से परे’ बताया और जांच अधिकारी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के आदेश भी दिए।
फैसले के बाद भावुक हुए केजरीवाल
दिल्ली आबकारी नीति मामले में अदालत से बरी होने के बाद आम आदमी पार्टी के प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भावुक होते हुए कहा, “केजरीवाल कट्टर ईमानदार है।” हालांकि कुछ ही घंटों बाद उन्होंने आक्रामक रुख अपनाया और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा गृह मंत्री अमित शाह पर आरोप लगाया कि उन्होंने आम आदमी पार्टी को खत्म करने की साजिश रची। सूत्रों के अनुसार, इस फैसले के बाद CBI ने अदालत के आदेश को दिल्ली हाई कोर्ट में चुनौती दी है, जिससे मामला अब उच्च न्यायालय में विचाराधीन होगा।

