दिल्ली के वजीराबाद में कुछ नाबालिग दोस्तों ने एक नौवीं कक्षा के छात्र का अपहरण कर उसकी हत्या कर दी और उसके परिजनों से दस लाख रुपये की फिरौती मांगी. हालांकि, पुलिस ने मंगलवार को छात्र का शव बरामद कर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया. प्राप्त जानकारी के अनुसार, 15 वर्षीय वैभव अपने परिवार के साथ मिलन विहार क्षेत्र में रहता था. वैभव के पिता, विकास गर्ग, एक ड्राइवर हैं और उन्होंने बताया कि उनका बेटा मुखर्जी नगर स्थित स्कूल में कक्षा नौ का छात्र था. वैभव रविवार को खेलने के लिए घर से निकला, लेकिन वापस नहीं आया, जिसके बाद परिजनों ने सोमवार को पुलिस को सूचित किया.
फिरौती की मांग
विकास के मोबाइल पर वैभव के मोबाइल नंबर से एक फोन आया, जिसमें फोन करने वाले ने वैभव की जान बचाने के लिए दस लाख रुपये की मांग की. इस कॉल की जानकारी परिजनों ने पुलिस को दी. पुलिस ने जांच के बाद तीन नाबालिगों को संदिग्ध मानते हुए पूछताछ की, जिन्होंने हत्या की बात स्वीकार की.
गला काटकर मारा
तीनों संदिग्ध वैभव के निवास के निकट रहते थे. रविवार को, इन्होंने एक योजना के तहत वैभव को अपने साथ भलस्वा डेरी झील के समीप स्थित जंगल में ले जाकर उसकी हत्या कर दी. पुलिस अब इन तीनों से गहन पूछताछ कर रही है.
CCTV कैमरे से पकड़े गए आरोपी
जब वैभव लंबे समय तक घर नहीं लौटा, तो उसके परिवार ने पुलिस को सूचित किया. इसी दौरान उन्हें एक फोन आया, जिसमें दस लाख रुपए की फिरौती की मांग की गई. पुलिस ने मामले की जांच शुरू की और सीसीटीवी कैमरों की फुटेज के साथ-साथ तकनीकी निगरानी का सहारा लिया. इसके परिणामस्वरूप, तीन नाबालिगों को संदिग्ध मानकर उनसे पूछताछ की गई, जिन्होंने अपने अपराध को स्वीकार कर लिया.