ट्रंप ने BRICS देशों को दी धमकी, बोले- ठोकूंगा एक्स्ट्रा टैरिफ, क्या रुक जाएगी भारत-अमेरिका ट्रेड डील?

Donald Trump On BRICS Country: ब्राजील के रियो डी जनेरियो में जारी ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के बीच अमेकरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने BRICS देशों को बड़ी धमकी दी है। डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिकी के खिलाफ नीति का सर्मथन करने वाले ब्रिक्स देशों पर 10 प्रतिशत अतिरिक्त टैरिफ (Tariff ) लगाने का फैसला किया है। BRICS समिट में ईरान पर अमेरिका और इजरायली हमलों की निंदा की गई। इसके बाद डोनाल्ड ट्रंप भड़क गए। उन्होंने कहा कि अमेरिका विरोधी देशों पर एक्स्ट्रा टैरिफ ठोकूंगा।

बता दें कि भारत भी ब्रिक्स समूह का एक अहम सदस्य है। ब्रिक्स समूह के स्थापना करने वालों देशों में भारत भी है। ट्रंप के फैसले के बाद अंदेशा जताया जा रहा है कि क्या एक बार फिर भारत-अमेरिका ट्रेड डील रुक जाएगी?

दरअसल ब्राजील में आयोजित 17वें ब्रिक्स 2025 शिखर सम्मेलन में, 10 सदस्य देशों – ब्राजील, चीन, मिस्र, इथियोपिया, भारत, इंडोनेशिया, ईरान, रूसी संघ, दक्षिण अफ्रीका, संयुक्त अरब अमीरात ने ईरानी परमाणु और सैन्य सुविधाओं पर अमेरिकी-इजरायल हमलों की निंदा की। साथ ही हमलों को अवैध बताया। इसके अलावा, ब्राजील शिखर सम्मेलन में भारतीय प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने वैश्विक दक्षिण में हमलों के मामले में आतंकवाद के प्रति दोहरे मानदंड को उजागर किया।

ट्रंप ने क्या कहा

सोमवार की सुबह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर पोस्ट करते हुआ कहा कि जो भी देश ब्रिक्स की अमेरिका विरोधी नीतियों के साथ जुड़ेगा, उसे 10% का अतिरिक्त टैरिफ देना होगा। उन्होंने कहा कि इस नीति में कोई अपवाद नहीं होगा। इस मामले पर ध्यान देने के लिए आप सभी का धन्यवाद।

भारत-अमेरिका के बीच ट्रेड डील अंतिम चरण में

अमेरिका और भारत के बीच मिनी ट्रेड डील अपने अंतिम चरणों में है। मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो आने वाले 24-30 घंटों में इस पर फैसला होने की उम्मीद है। हालांकि ट्रेड डील से पहले ही ट्रंप ने फिर से एक बार ब्रिक्स देशों को टैरिफ की धमकी दी है। फिलहाल डील कब साइन होगी और किस पैमाने पर होगी इस पर अभी ऑफिशियल जानकारी नहीं आई है।

ब्रिक्स देशों की संयुक्त घोषणा में पहलगाम हमले का जिक्र

इधर ब्रिक्स देशों की संयुक्त घोषणा में जम्मू और कश्मीर में पहलगाम हमले की निंदा की गई, ब्रिक्स देशों ने आतंकवादियों की सीमा पार आवाजाही, आतंकवाद के वित्तपोषण और सुरक्षित ठिकानों का मुकाबला करने का आह्वान किया। बयान में कहा गया, “हम आतंकवाद के प्रति शून्य सहिष्णुता सुनिश्चित करने और आतंकवाद का मुकाबला करने में दोहरे मानदंडों को अस्वीकार करने का आग्रह करते है। इसके अलावा संयुक्त घोषणापत्र में अमेरिका का नाम लिए बिना टैरिफ में की गई अंधाधुंध बढ़ोतरी की आलोचना की गई।

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