ट्रेकिंग लवर्स के लिए स्वर्ग है उत्तराखंड का ‘पंचाचूली पर्वत’, मार्च से जून के बीच बनाएं घूमने का प्लान

ट्रेवल डेस्टिनेशन। क्या आप जानते हैं कि उत्तराखंड के कुमाऊं अंचल में बर्फ की सफेद चादर ओढ़े पांच ऐसी भव्य हिमालयी चोटियां हैं, जो सीधा आसमान को छूती हुई सी लगती हैं? इन्हें ‘पंचाचूली पर्वत’ कहा जाता है। ये खूबसूरत पहाड़ कुमाऊं क्षेत्र के पूर्वी भाग में दारमा घाटी के दुग्तू गांव के करीब स्थित हैं।

अगर आप इन शानदार पर्वतों का सबसे मनमोहक नजारा देखना चाहते हैं, तो समुद्र तल से लगभग 2,200 मीटर की ऊंचाई पर बसे मुनसियारी हिल स्टेशन से बेहतर कोई जगह नहीं है।

Panchachuli Trek

(Image Source: AI-Generated)

क्या है इस नाम के पीछे की पौराणिक कथा?

आखिर इन पर्वतों का नाम ‘पंचाचूली’ ही क्यों पड़ा? इसके पीछे महाभारत काल की एक बेहद रोचक मान्यता जुड़ी है। ‘पंचाचूली’ का अर्थ होता है- पांच चूल्हे यानी खाना पकाने की अग्नि। पौराणिक कथाओं के अनुसार, जब पांचों पांडव अपनी जीवन यात्रा समाप्त कर स्वर्ग की ओर प्रस्थान कर रहे थे, तो उन्होंने अपना आखिरी भोजन इसी जगह पर पकाया था। उन पांच भाइयों के इन्हीं पांच चूल्हों की याद में इन गगनचुंबी पर्वतों को ‘पंचाचूली’ का नाम दिया गया।

चुनौतियों से भरा है यह बर्फीला सफर

इन चोटियों की ऊंचाई 6,334 मीटर से लेकर 6,904 मीटर के बीच है। अत्यधिक ऊंचाई होने के कारण यहां अक्सर बर्फीले तूफान आते हैं और बड़े-बड़े ग्लेशियर मौजूद हैं, जो इसकी चढ़ाई को बेहद चुनौतीपूर्ण बना देते हैं। यही वजह है कि यह स्थान विशेष रूप से अनुभवी और साहसी पर्वतारोहियों को अपनी ओर आकर्षित करता है। अगर आप यहां की यात्रा की योजना बना रहे हैं, तो मार्च से जून और सितंबर से नवंबर के बीच का समय सबसे अनुकूल माना जाता है।

Panchachuli Peaks Trek

(Image Source: AI-Generated)

ट्रेकिंग के शौकीनों के लिए है किसी स्वर्ग के समान

पंचाचूली का इलाका ट्रेकिंग करने वालों के लिए किसी स्वर्ग से कम नहीं है। यहां कई ऐसे ट्रेक मौजूद हैं, जहां से प्रकृति के बेहद मनोरम दृश्य दिखाई देते हैं। यहां के कुछ सबसे प्रसिद्ध ट्रेक मार्ग इस प्रकार हैं:

  • खालिया टॉप ट्रेक: यह एक ऐसा मार्ग है जहां से पंचाचूली पर्वतों का सबसे अद्भुत और स्पष्ट नजारा देखने को मिलता है।
  • मिलम ग्लेशियर ट्रेक: यह एक लंबा और साहसिक रास्ता है, जो पुराने समय के प्राचीन और व्यापारिक मार्गों से होकर गुजरता है।
  • रालम ग्लेशियर ट्रेक: अगर आप प्रकृति के बीच शांति पाना चाहते हैं, तो यह ट्रेक आपके लिए है। यहां भीड़भाड़ कम होती है और यह प्राकृतिक सुंदरता से लबालब भरा हुआ है।

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