
टेक्नोलॉजी डेस्क। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने नकली मोबाइल एसेसरीज बेचने वाले एक रैकेट का भंडाफोड़ किया है। अधिकारियों के मुताबिक मशीनों की मदद से वनप्लस, ओपो और रियलमी जैसे ब्रांड के नाम गैर-कानूनी तरीके से नकली उत्पाद बनाकर उसकी पैकेजिंग की जा रही थी। ऐसे में आप स्मार्टफोन, ईयरबड्स, चार्जर, पावरबैंक ले रहे हैं तो सही और गलत के फर्क समझना जरूरी है।
नकली फोन/ईयरफोन की कैसे करें पहचान
पैकेजिंग देखें : अक्सर नकली प्रोडक्ट की पैकेजिंग में ही कई सारी गलतियां पकड़ में आ जाती हैं, जैसे स्पेलिंग की गलतियां, धुंधले लोगो, खराब प्रिंट क्वालिटी आदि।
सीरियल नंबर जांचें : आजकल कई सारे ब्रांड क्यूआर कोड, आइएमईआइ वेरिफिकेशन या सीरियल-नंबर लुकअप टूल के जरिये प्रोडक्ट को जांचने की सुविधा देते हैं।

वारंटी चेक करें: नकली डिवाइस और एक्सेसरीज में आफिशियल वारंटी रजिस्ट्रेशन नहीं होता।
कीमतों से सतर्कता : अगर कोई प्रोडक्ट आपको अविश्वसनीय तौर पर काफी कम कीमत पर मिल रहा है तो वह संदिग्ध हो सकता है। इसे दो तीन स्रोत से जांचना चाहिए।
आफिशियल स्टोर या ईकामर्स साइट से खरीदें : आफिशियल स्टोर, वेरिफाइड मार्केटप्लेस लिस्टिंग से प्रोडक्ट को खरीदना चाहिए। अनजान थर्ड-पार्टी विक्रेताओं से बचना चाहिए।
प्रोडक्ट्स की रिपोर्ट करें : नकली प्रोडक्ट को रिपोर्ट करना चाहिए। ईकामर्स प्लेटफार्म पर रिव्यू लिखकर आप दूसरों की मदद कर सकते हैं।

