बिलासपुर. बिलासपुर के गतौरा स्थित शासकीय कम्पोजिट मदिरा दुकान में 3 अगस्त को नकाबपोशों ने लूट की वारदात को अंजाम दिया है. इस मामले में पुलिस ने खुलासा कर दिया है. मस्तूरी पुलिस और ACCU बिलासपुर की संयुक्त टीम ने मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है. आरोपियों की पहचान अनिल ध्रुव उर्फ अन्ना, पिंटू निषाद और सुशील निर्मलकर के रूप में हुई है. वहीं एक आरोपी अभी फरार है.
कर्जा चुकाने वारदात को अंजाम
पुलिस ने बताया कि कर्ज में डूबे आरोपियों ने शराब दुकान में रखी नकदी लूटने की योजना बनाई थी. इसके लिए उन्होंने गैस कटर, ग्राइंडर कटर मशीन, छेनी, रस्सी, चाकू समेत अन्य सामान जुटाए थे. आरोपियों ने पहले मोपका शराब दुकान को निशाना बनाने की योजना बनाई थी, लेकिन वहां चहल-पहल ज्यादा होने के कारण उन्होंने अपना प्लान बदला और चिल्हाटी-फरहदा होते हुए गतौरा शराब भट्ठी पहुंचे.
3:30 बजे शराब दुकान में बोला धावा
तड़के करीब 3:30 बजे नकाबपोश आरोपियों ने शराब दुकान में तैनात सुरक्षाकर्मियों को चाकू दिखाकर धमकाया. आरोप है कि उन्होंने सुरक्षाकर्मियों के हाथ-पैर बांधकर उनके साथ मारपीट की. इसके बाद शराब दुकान का ताला तोड़कर अंदर घुस गए. ग्राइंडर कटर और छेनी की मदद से लॉकर आरोपियों ने काटने का प्रयास किया, लेकिन लॉकर नहीं तोड़ सके. इसके बाद आरोपी शराब की बोतलें और सुरक्षाकर्मियों के दो मोबाइल फोन लूटकर फरार हो गए. साक्ष्य छिपाने CCTV कैमरा और DVR भी अपने साथ ले गए. बाद में DVR को नदी में फेंक दिया गया.

पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और CCTV फुटेज के विश्लेषण के आधार पर आरोपियों तक पहुंच बनाई. गिरफ्तार आरोपियों की निशानदेही पर बाइक, स्कूटी, दो मोबाइल फोन, गैस कटर, ग्राइंडर कटर मशीन, छेनी, धारदार चाकू समेत लूट में इस्तेमाल किए गए अन्य औजार बरामद किए गए हैं.
शराब दुकानों से कलेक्शन का काम करता था फरार आरोपी
मामले में एक आरोपी अभी फरार है, जिसकी तलाश में पुलिस की टीमें संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही हैं. जांच में पता चला कि फरार आरोपी पूर्व में CMS Info System कंपनी में काम करता था और शासकीय शराब दुकानों से नगद राशि कलेक्शन का कार्य करता था. ऐसे में पुलिस को आशंका है कि उसे शराब दुकानों में नकदी और सुरक्षा व्यवस्था की जानकारी थी.

