रेवाड़ी। 5 करोड़ रुपये की फिरौती मांगकर दहशत फैलाने वाले मामले में पुलिस ने ऐसा खुलासा किया है, जिसने सभी को हैरान कर दिया। जांच में सामने आया कि इस पूरे मामले का मास्टरमाइंड कोई गैंगस्टर नहीं, बल्कि दिल्ली स्थित इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) में तैनात एक कर्मचारी था। आरोपी ने अपने साथी के साथ मिलकर फर्जी फिरौती कॉल की साजिश रची, ताकि प्रॉपर्टी डीलर को सुरक्षा के नाम पर गनमैन दिलाया जा सके।
सीआईए धारूहेड़ा प्रभारी निरीक्षक योगेश हुड्डा के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मामले में बड़ा खुलासा करते हुए आरोपी सिकंदर को अदालत से प्रोडक्शन वारंट पर गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपी ने कबूल किया कि वह दिल्ली में इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) में कार्यरत है और उसने अपने साथी संदीप के साथ मिलकर पूरी साजिश को अंजाम दिया।
ऐसे रची गई साजिश
पुलिस के अनुसार, 15 जून को रेवाड़ी निवासी सज्जन सिंह ने थाना मॉडल टाउन में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि 2 जून को उनके मोबाइल पर एक अज्ञात नंबर से व्हाट्सएप कॉल आई थी। कॉल करने वाले ने खुद को एक कुख्यात गैंग का सदस्य बताते हुए 5 करोड़ रुपये की फिरौती मांगी और रकम नहीं देने पर उन्हें व उनके परिवार को जान से मारने की धमकी दी थी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तुरंत जांच शुरू की। तकनीकी साक्ष्यों और पूछताछ के आधार पर पुलिस आरोपियों तक पहुंची। जांच में खुलासा हुआ कि शिकायतकर्ता के कहने पर उसे सरकारी सुरक्षा (गनमैन) दिलाने के उद्देश्य से यह पूरी कहानी रची गई थी। इसके लिए फर्जी फिरौती कॉल कर दहशत का माहौल बनाया गया।
पुलिस कर रही जाँच
फिलहाल पुलिस आरोपी से गहन पूछताछ कर रही है। साथ ही उसके साथी संदीप और इस साजिश में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि कहीं इस तरह की साजिश पहले भी तो नहीं रची गई थी।


