Suvendu Adhikari PA Chandranath Rath Murder Case: बीजेपी नेता सुवेंदु अधिकारी के पीए चंद्रनाथ रथ की हत्या में बड़ा खुलासा हुआ है। चंद्रनाथ रथ की हत्या के तार बिहार से जुड़ गया है। चंद्रनाथ रथ की हत्या प्री-प्लानड मर्डर के तहत किया गया है। चंद्रनाथ को मारने के लिए 40 लाख की सुपारी दी गई थे। गोली मारने के लिए बिहार (Bihar) से 2 ‘शार्प शूटर्स’ बुलाए गए थे। इधर पुलिस ने हत्याकांड में इस्तेमाल दूसरी बाइक भी जब्त किया है।
पुलिस को शक है सोची-समझी साजिश के तहत हत्य की गई है। इस घटना को सावधानी से रेकी करने के बाद अंजाम दिया गया। जांचकर्ताओं का मानना है कि हत्यारे हमला करने से पहले कई दिनों से चंद्रनाथ की हरकतों पर नजर रखे हुए थे।
पुलिस सूत्रों के अनुसार हत्याकांड को अंजाम देने के लिए बंगाल के पड़ोसी राज्य बिहार से 2 ‘शार्प शूटर्स’ बुलाए गए थे। स्थानीय अपराधी ने इन ‘शार्प शूटर्स’ के ठहरने और आने-जाने के लिए गाड़ियों का इंतजाम कराया था। जांचकर्ताओं को इस बात का शक है कि इस हत्या के लिए 30 से 40 लाख रुपये की सुपारी दी गई हो सकती है। सूत्रों के अनुसार हो सकता है कि इन लोगों ने पहले से ही फ्लाइट के जरिए भागने की योजना बना रखी हो, और इसलिए उन्होंने पहले से ही अपने पास नकली पहचान पत्र रखे हों।
चंद्रनाथ की गतिविधियों पर लगातार नजर
जांचकर्ताओं का मानना है कि हत्यारे हमला करने से पहले कई दिनों से चंद्रनाथ की गतिविधियों पर नजर रखे हुए थे। जांच कर रही SIT के अनुसार, चंद्रनाथ का कोई करीबी ही है उनकी गतिविधियों के बारे में जानकारी लीक कर सकता है। जांचकर्ताओं ने यह भी पाया कि हत्या से कुछ ही समय पहले, हमलावर पीड़ित की कार का पीछा करते हुए बेलघरिया एक्सप्रेसवे और बारासात जैसे इलाकों से गजरे थे। पिछले पांच दिनों के दौरान कई जगहों से मिले CCTV फुटेज में कथित तौर पर चंद्रमकी गतिविधियों पर रखी जा रही निगरानी के सबूत दिखाई देते हैं।
पुलिस खंगाल रही CCTV फुटेज और फोन रिकॉर्ड
मामले की जांच कर रही टीम ने कई संदिग्धों की पहचान की है और उनसे जुड़े लोगों से पूछताछ कर रही है। इसमें एक महिला भी शामिल है। इधर वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक को लेकर जानकारी सामने आई है कि अपराधियों ने बाइक को बिधाननगर में एक पुरानी गाड़ियों के शोरूम के बाहर से चुराई थी। यही नहीं कथित तौर पर बारासात के एक गैराज में इसके इंजन और चेसिस नंबरों के साथ छेड़छाड़ की गई थी। वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक का नंबर सिलीगुड़ी के एक निवासी के नाम पर रजिस्टर्ड मिला है। इसकी पहचान बिपाश दत्ता के रूप में हुई है। फिलहाल हत्याकांड को लेकर जांच जारी है। पुलिस स्थानीय अपराधियों तथा राज्य के बाहर से बुलाए गए शूटरों के बीच संभावित संबंधों की जांच कर रही है।
कौन थे चंद्रनाथ रथ?
चंद्रनाथ रथ को अधिकारी का भरोसेमंद सहयोगी माना जाता था और वे कई सालों से उनके साथ करीब से जुड़े हुए थे। वे राजनीतिक कामों में सक्रिय रूप से शामिल थे, जिसमें हाई-प्रोफ़ाइल भवानीपुर चुनाव भी शामिल है। बीजेपी की सीनियर लीडर कीया घोष ने दावा किया कि चंद्रनाथ को उनकी सियासी भूमिका की वजह से निशाना बनाया गया। उन्होंने कहा, “चंद्रनाथ ने सुवेंदु अधिकारी के लिए बहुत मेहनत से काम किया। यह कोई अचानक हुई घटना नहीं है। इस हत्या के पीछे राजनीतिक रंजिश हो सकती है।


