IRGC React On US-Iran Peace Deal:अमेरिका और ईरान के बीच हो गया शांति समझौता हो गया है। 14 शर्तों पर यूएस-ईरान के बीच पीस डील (US-Iran peace deal on 14 conditions) हुआ है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) ने अमेरिका-ईरान शांति समझौता का ऐलान किया। वहीं अमेरिका के साथ हुए समझौते के बीच ईरान की सेना इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स यानी आईआरजीसी (IRGC) ने बयान जारी किया है। ईरानी सेना (Iranian Army) ने इस पीस डील को अमेरिका-इजराइल की हार बताया है। ईरान की सेना इस ऐतिहासिक डील को अपनी एक बड़ी रणनीतिक और कूटनीतिक जीत के रूप में देख रही है।
ईरान के खातम अल-अंबिया सेंट्रल हेडक्वार्टर ने दावा किया है कि देश की जनता और सशस्त्र बलों ने यह साबित कर दिया है कि दुश्मन के पास सरेंडर करने के अलावा अब कोई दूसरा रास्ता नहीं बचा था। हमारे लिए यह क बड़ी रणनीतिक और कूटनीतिक जीत है।

बयान में कहा गया कि ‘हमारी सेना के सामने यूएस इजरायल लाचार नजर आए। उन्होंने हमारी सेना के सामने हार मान ली है। उनके सामने इसके अलावा कोई और विकल्प नहीं था। बयान में आगे कहा गया कि MoU का मतलब दुश्मन देश पर भरोसा करना बिल्कुल भी नहीं है, हम अमेरिका पर पूरी नजर बनाए रखेंगे.’ तेहरान ने शांति समझौते को MoU नाम दिया है।
वहीं ईरान के सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के सचिवालय ने बयान जारी कर कहा कि शहीद नेता की अगुवाई में इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान ने अमेरिकी-जियोनिस्ट दुश्मन पर अपनी श्रेष्ठता साबित की है। सुप्रीम लीडर (ईरानी नेता) के मार्गदर्शन में, पूरे राष्ट्र के समर्थन और इस्लाम के योद्धाओं के प्रयासों से कई महीनों की कठिन और गहन वार्ताओं (इस्लामाबाद वार्ता) के बाद 14 जून की शाम को अमेरिका के साथ मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग (MoU) का मसौदा अंतिम रूप दे दिया गया। समझौतों के अनुसार, लेबनान समेत सभी मोर्चों पर युद्ध और सैन्य अभियान आज रात से ही तुरंत और हमेशा के लिए खत्म हो जाएंगे और इसके अलावा ईरान के खिलाफ नौसैनिक नाकेबंदी तुरंत और पूरी तरह से हटा ली जाएगी। इस समझौता ज्ञापन पर आधिकारिक तौर पर शुक्रवार, 19 जून को हस्ताक्षर किए जाएंगे। बयान में इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान, पाकिस्तान और कतर सरकार के प्रयासों की भी सराहना की गई है।

ट्रंप ने किया है ऐलान
बता दें कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) ने अमेरिका-ईरान शांति समझौता का ऐलान किया है। ट्रंप ने कहा कि होर्मुज से अमेरिकी नौसैनिक नाकाबंदी को फौरन हटा लिया जाएगा। डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि 19 जून 2026 को अमेरिका-ईरान समझौते पर हस्ताक्षर होंगे।अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि इस समझौते के तहत होर्मुज स्ट्रेट को फिर से खोला जाएगा। उन्होंने ईरानी बंदरगाहों पर लगी अमेरिकी नौसैनिक नाकेबंदी को तुरंत हटाने की मंजूरी दे दी है। ट्रम्प ने अपने पोस्ट में लिखा, ‘दुनिया के जहाजो, अपने इंजन चालू कर लो। तेल को बहने दो।
19 जून को शांति समझौते पर होंगे हस्ताक्षर
शांति समझौते पर शुक्रवार (19 जून) को जेनेवा में हस्ताक्षर होंगे। ईरान से गालिबाफ और अब्बास अराघची और अमेरिकी की ओर से उपराष्ट्रपति जेडी वेंस शामिल होंगे। अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने एलान किया कि वह इस समझौते पर साइन करने वाले कार्यक्रम में शामिल होने के लिए शुक्रवार को जिनेवा जाएंगे। जेडी वेंस ने यह भी संकेत दिए हैं कि इस बेहद अहम और बड़े मौके पर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप खुद भी जिनेवा पहुंच सकते हैं। इस हाई-प्रोफाइल दौरे के सामने आने के बाद अब पूरी दुनिया की नजरें शुक्रवार को होने वाले इस समझौते पर टिक गई हैं।


