चोरी की घटना पर भूपेश बघेल ने कसा तंज, कहा – क्या चोरों को पकड़ने पुलिस के पास नहीं है पेट्रोल-डीजल?

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के क्षेत्र में चोरी की घटना पर तंज कसते हुए पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने पुलिस विभाग के साथ ही गृहमंत्री विजय शर्मा को कटघरे में खड़ा किया है। बघेल के मुताबिक, चोरी की घटना के आरोपी चोरों को पकड़ने के लिए जशपुर पुलिस के पास पेट्रोल-डीजल के लिए पैसे नहीं है। उन्होंने सिस्टम की इस दयनीय स्थिति पर सवाल उठाते हुए मुख्यमंत्री साय से कहा है कि यह सही समय है जब आप इस गृहमंत्री को विदा कर दें।

दरअसल, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के विधानसभा कुनकुरी में पुलिस थाने के सामने जय स्तंभ चौक पर स्थित कठौतिया मोबाइल दुकान में 12 अगस्त की रात चोरी हुई। चोर दुकान से करीब 130-140 मोबाइल लेकर आराम से बस में बैठकर निकल गए। पुलिस आज तक न मुख्य आरोपी को पकड़ पाई न ही चोरी का फोन बरामद हुए हैं।

जानकारी के मुताबिक चोरी हुए फोन हर दिन एक्टिवेट होते जा रहे हैं। दुकानदार उसकी जानकारी उपलब्ध करवा रहे हैं, पर पुलिस नए नए बहाने बता रही है। पुलिस व्यापारी से यहां तक कह रही है कि उसके पास चोर को पकड़ने जाने के लिए पेट्रोल के पैसे नहीं है। सोचिए सीएम साय के गृह विधानसभा का जब यह हाल है तो पूरे प्रदेश के कानून व्यवस्था का अंदाजा आप लगा सकते हैं।

फरार आरोपी की तलाश में जुटी पुलिस

प्रार्थी की रिपोर्ट पर थाना कुनकुरी में अपराध पंजीबद्ध कर पुलिस ने विवेचना शुरू की। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज, होटल से प्राप्त जानकारी एवं अन्य तकनीकी साक्ष्यों का आपस में मिलान कर संदिग्धों की पहचान एवं पतासाजी शुरू की। तकनीकी जांच के आधार पर एक आरोपी की पहचान तौसीफ रजा पिता मौलाना ताजउद्दीन, उम्र 35 वर्ष, निवासी मुर्गीटोली, मध्य नारायणपुर, थाना राजमहल, जिला साहेबगंज, झारखण्ड के रूप में हुई। विशेष टीम ने झारखण्ड पहुंचकर आरोपी को हिरासत में लिया। पूछताछ में आरोपी तौसीफ रजा ने अपने साथी के साथ मिलकर चोरी करना स्वीकार किया। आरोपी ने पुलिस को बताया कि चोरी किए गए मोबाइल फोन उसके दूसरे साथी के पास है। पुलिस ने दूसरे आरोपी को भी चिन्हित कर लिया है, जो वर्तमान में फरार है। पुलिस टीम उसकी गिरफ्तारी एवं चोरी किए गए मोबाइल फोन की बरामदगी के लिए लगातार पतासाजी कर रही है। बताया जा रहा कि फरार आरोपी को पकड़ने पुलिस ने प्रार्थी से पेट्रोल के लिए पैसा मांगा, जिस पर प्रार्थी ने पैसा भी दिया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!