NEET-UG पेपर लीक के खिलाफ कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के विरोध प्रदर्शन के बाद अब E-20 पेट्रोल को लेकर विरोध शुरू हो गया है। उद्योगपति और सामाजिक कार्यकर्ता तहसीन पूनावाला (Tehseen Poonawalla) ने शनिवार से भूख हड़ताल शुरू करने का ऐलान किया है। इसके साथ ही उन्होंने मौन मार्च निकालने की भी बात कही थी। इस बीच तहसीन पूनावाला ने दावा किया है कि उनके घर पर पुलिस पहुंच गई है और उन्हें बाहर जाने से रोका जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि दिल्ली पुलिस के अधिकारी उन्हें अच्छा इंसान बता रहे हैं, लेकिन उन्हें घर से बाहर नहीं निकलने दे रहे हैं।
पूनावाला ने दावा किया है कि उन्हें विरोध प्रदर्शन से रोकने के लिए पुलिस की टीम उनके घर पहुंची और उन्हें बाहर जाने नहीं दिया जा रहा है। तहसीन पूनावाला ने कहा कि दिल्ली पुलिस की पूरी फोर्स उनके घर पहुंच गई है और उन्हें नजरबंद करने की कोशिश की जा रही है, ताकि वह एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल (E-20 पेट्रोल) के मुद्दे पर अपनी बात नहीं रख सकें। उन्होंने दावा किया कि पुलिस अधिकारियों का कहना है कि उनकी एक आवाज पर बड़ी संख्या में समर्थक जुट सकते हैं, इसलिए उन्हें घर से बाहर जाने से रोका जा रहा है। पूनावाला ने कहा कि वह शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखने के लिए भूख हड़ताल और मौन मार्च निकालना चाहते थे।
E-20 पेट्रोल को लेकर अरविंद केजरीवाल भी करेंगे टाउनहॉल
E-20 पेट्रोल को लेकर विरोध और राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। उद्योगपति और सामाजिक कार्यकर्ता तहसीन पूनावाला के विरोध प्रदर्शन के ऐलान के बीच आम आदमी पार्टी (AAP) के संयोजक अरविंद केजरीवाल भी इस मुद्दे पर टाउनहॉल आयोजित कर रहे हैं। केजरीवाल ने बताया था कि यह टाउनहॉल कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में आयोजित किया जाएगा, जिसमें इस मुद्दे से जुड़े विशेषज्ञ, प्रभावित लोग और इसमें रुचि रखने वाले लोग शामिल होंगे। कार्यक्रम के जरिए E-20 पेट्रोल से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की जाएगी।
तहसीन पूनावाला की मांग
तहसीन पूनावाला की अगुआई वाली ‘टीम भारत’ ने इस मुद्दे पर सरकार से नियमों में बदलाव की मांग की है। जिस तरह से E-20 पेट्रोल को अनिवार्य किया गया है, वह उचित नहीं है। उन्होंने मांग की है कि सरकार को अपनी नीति में बदलाव करना चाहिए और उपभोक्ताओं को विकल्प उपलब्ध कराया जाना चाहिए। पूनावाला के मुताबिक, E-20 पेट्रोल को सामान्य पेट्रोल की तुलना में 20 प्रतिशत कम कीमत पर उपलब्ध कराया जाना चाहिए। इसके अलावा उन्होंने सभी पेट्रोल पंपों पर शुद्ध पेट्रोल का विकल्प उपलब्ध कराने की मांग भी रखी है, ताकि वाहन मालिक अपनी जरूरत के अनुसार ईंधन का चयन कर सकें।
इससे पहले तहसीन पूनावाला के नेतृत्व वाली ‘टीम भारत’ ने E-20 पेट्रोल के विरोध में संसद भवन तक गाड़ी मार्च निकालने का ऐलान किया था। यह मार्च 31 जुलाई को प्रस्तावित था, लेकिन केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी द्वारा टीम भारत के सदस्यों से मुलाकात और उनकी बात सुनने के बाद इसे टाल दिया गया। बैठक के दौरान टीम भारत के सदस्यों ने E-20 पेट्रोल से जुड़ी अपनी चिंताओं को मंत्री के सामने रखा। हालांकि, इसके बाद भी तहसीन पूनावाला ने इस मुद्दे पर आंदोलन जारी रखने की बात कही है।
तहसीन पूनावाला ने जताई थी रोक लगाए जाने की आशंका
तहसीन पूनावाला ने पहले ही आशंका जताई थी कि उन्हें प्रदर्शन से रोका जा सकता है। तहसीन पूनावाला ने भूख हड़ताल की घोषणा करते हुए कहा था कि उन्हें न तो किसी कानून और न ही किसी लिखित आदेश के जरिए रोकने की जानकारी दी गई है। उन्होंने दावा किया था कि सिर्फ मौखिक रूप से कहा गया है कि वह मौन व्रत नहीं रख सकते और न ही भूख हड़ताल पर बैठ सकते हैं। पूनावाला ने कहा था कि एथेनॉल का मुद्दा बेहद गंभीर है और वह इस पर अपनी बात शांतिपूर्ण तरीके से रखना चाहते हैं। उन्होंने कहा था, “अब देखते हैं कि आज मुझे रोकने के लिए कितने पुलिस के जवान भेजे जाते हैं। मेरी खामोशी ही असर दिखाएगी।”
इससे पहले उन्होंने E-20 पेट्रोल के विरोध में मौन मार्च और भूख हड़ताल करने का ऐलान किया था। बाद में उन्होंने दावा किया कि दिल्ली पुलिस की टीम उनके घर पहुंची और उन्हें बाहर जाने से रोकने की कोशिश की जा रही है। तहसीन पूनावाला E-20 पेट्रोल को अनिवार्य किए जाने का विरोध कर रहे हैं। उनकी मांग है कि उपभोक्ताओं को शुद्ध पेट्रोल का विकल्प दिया जाए और E-20 पेट्रोल की कीमत सामान्य पेट्रोल से कम रखी जाए।

